Friday, 3 July 2020

कानपुर में बदमाशों के साथ हुई मुठभेड़ के बाद सपाईयों ने दिया धरना


 कानपुर में बदमाशों के साथ हुई पुलिस मुठभेड़ में शहीद हुए आठ पुलिसकर्मियों की शहादत के बाद *सपा नेता रवि यादव* के *नेतृत्व में सपा कार्यकर्ता श्री योगी सरकार में ध्वस्त हुई कानून व्यवस्था को के खिलाफ सेक्टर 74 केपटाउन चौराहे पर धरने पर बैठ गए* |

 सपा नेता *रवि यादव* ने कहा कि कानपुर के चौबेपुर थाने के बिकरू गांव में 25000 के इनामी हिस्ट्रीशीटर *विकास दुबे* को पकड़ने गए पुलिसकर्मियों पर  बदमाशों ने ताबड़तोड़ गोलियां बरसा दी जिसमें सीओ सहित आठ पुलिसकर्मी शहीद हो गए तथा कई अन्य पुलिसकर्मी घायल हो गए | कानपुर की इस घटना को बदमाशों ने सोची-समझी रणनीति के तहत अंजाम दिया है |
  रवि यादव ने कहा कि एक तरफ उत्तर प्रदेश के *मुख्यमंत्री श्री योगी आदित्यनाथ जी* कहते हैं कि बदमाशों की जगह या तो जेल में है या फिर उनका एनकाउंटर कर मार दिया जाएगा | अब सोचने वाली बात यह है अगर बदमाशों की जगह जेल में है तो कुख्यात बदमाश विकास दुबे अब तक बाहर क्यों था और इसकी भनक सरकार और पुलिस प्रशासन को क्यों नहीं लगी |  अगर इसकी खबर लग चुकी थी तो फिर सरकार ने इतने बड़े घटनाक्रम को अंजाम क्यों देने दिया जिसमें हमारे 8 पुलिसकर्मी शहीद हो गए | 

 वही आज प्रयागराज के नवाबगंज में भी एक ही परिवार के चार ब्राह्मणों की हत्या कर दी गई | एक के बाद एक ताबड़तोड़ घटनाएं उत्तर प्रदेश के अंदर *ध्वस्त कानून व्यवस्था की पोल खुलती है* 
उन्होंने कहा कि *श्री योगी आदित्यनाथ जी न तो लोगों को सुरक्षा दे पा रहे हैं और न ही स्वास्थ्य और रोजगार दे पा रहे हैं | श्री योगी सरकार सभी मोर्चे पर फेल हो चुकी है | *श्री योगी जी से प्रदेश नहीं संभल रहा है इसलिए श्री योगी आदित्यनाथ जी को इस्तीफा दे देना चाहिए*|

 रवि यादव ने कहा कि अब तो उत्तर प्रदेश के अंदर जनमानस की सुरक्षा करने वाले *पुलिसकर्मियों को भी सुरक्षा की जरूरत है* और इस घटना की जितनी निंदा की जाए वह कम है |
    उन्होंने कहा कि कानपुर मुठभेड़ में *शहीद हुए सभी आठ पुलिसकर्मियों के परिवार को योगी सरकार 1-1 करोड रुपए मुआवजा व परिवार के एक सदस्य को सरकारी नौकरी दी जाए* |
 धरना देने वालों में सपा नेता लोकेश यादव,लोकपाल पहलवान, बब्बू यादव सिंगर कालू यादव रविंदर यादव ,राहुल यादव, जय करण कश्यप ,शेरपाल यादव ,दीपक यादव, जितेंद्र मिश्रा,  ऋषभ ठाकुर ,बब्बर पहलवान ,प्रशांत यादव ,अभिषेक यादव, वेद प्रकाश ,संदीप यादव, गौरव यादव, टीटू यादव ,कपिल यादव ,आमिर खान ,बृजेश यादव, मोहित नेताजी ,सुभाष वर्मा  आदि सपा कार्यकर्ता मौजूद रहे |

परिवर्तन विकास संस्थान गदरपुर ने सौंपी सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गदरपुर में ऑटोमेटिक मशीन


 स्थान गदरपुर 
रिपोर्टर महेंद्र पाल सिंह 
एंकर ,,परिवर्तन विकास संस्थान द्वारा लॉकडाउन के दौरान लगातार बेहतरीन काम के बाद आज पर संस्था ने सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र गदरपुर में ऑटोमेटिक सैनिटाइजर मशीन भेंट की परिवर्तन विकास संस्था के सचिव सिब्ते नबी ने बताया कि उनकी संस्था लगातार लॉकडाउन के दौरान लगभग ढाई माह तक लंगर बाटी रही लेकिन अब देखने में ऐसा आ रहा है कि लंगर से ज्यादा लोगों को जागरूक होने की आवश्यकता है इसलिए हमने सरकारी अस्पताल में आने जाने तथा स्टाफ के लिए ऑटोमेटिक सैनिटेशन मशीन लगाए जिससे कि लोगों को कुछ राहत मिल सके डॉक्टर अंजनी कुमार ने बताया कि इस मशीन के लगने के बाद 2 लोग जो कि लगातार सैनिटाइजिंग की व्यवस्था देख रहे थे उनको उचित कार्य में लगाया जाएगा जिससे कि अस्पताल की कार्य क्षमता में वृद्धि होगी तथा इस मशीन लगने के लिए हम गदरपुर के सभी डॉक्टरों तथा अस्पताल स्टाफ की तरफ से  संस्थान के सचिव का धन्यवाद करते 

आजमगढ़ आई एम ए के खिलाफ पत्रकारों व सामाजिक संगठनों ने किया प्रदर्शन सौंपा ज्ञापन


आज आजमगढ़ के पत्रकार संगठनों, सामाजिक संगठनों, छात्र संघों और समाज के बौद्धिक वर्ग के लोगों ने आईएमए और लाइफ लाइन हास्पिटल के विरूद्ध सड़क पर उतर जनांदोलन का आगाज़ कर दिया, जिसका कारण बना आईएमए और लाइफ हास्पिटल द्वारा पत्रकार और सामाजिक संगठनों के विरुद्ध विद्वेषपूर्ण तरीके से एफआईआर दर्ज कराना और अपने रसूख के बल पर आम जनता की आवाज़ दबाने की कोशिश करना.
गौरतलब है कि भारत सरकार स्वास्थ्य मंत्रालय द्वारा कोविड-19 को लेकर जारी एडवाजरी को दरकिनार करते हुए लाइफ लाइन हास्पिटल द्वारा आम जनता के जीवन के साथ निरंतर खिलवाड़ किया जा रहा है. ऐसे में अस्पताल के विरुद्ध मानकों और नियमों की जांच का आदेश जिला प्रशासन और आयुक्त द्वारा दिया जा चुका है, जांच में फंसते हुए देख लाइफ लाइन हास्पिटल ने आईएमए को आगे कर जांच को दबाने का कुत्सित प्रयास कर रहा है, और निजी चिकित्सा सेवा ठप कर देने की धमकी दे रहा है.जो स्पष्ट रूप से विधि विरुद्ध और समाज के विरुद्ध है.
इसी गंभीर प्रकरण के मद्देनजर आज जर्नलिस्ट क्लब, आजमगढ़ जर्नलिस्ट फेडरेशन, गांधीगिरी परिवर्तन सेवा संस्थान, सारथी सेवा संस्थान, एवं छात्र संघों के लोगों ने अपनी आवाज बुलंद करते हुए इसे अभिव्यक्ति की आज़ादी के विरुद्ध खतरा बताया. जिलाधिकारी और पुलिस अधीक्षक को ज्ञापन देकर मांग किया कि हमारी आवाज को दबाने के लिए सिस्टम और सरकारी तंत्र का प्रयोग किया जा रहा.आईएमए अपने सदस्य अस्पतालों के मानकों को छिपाने और जांच को प्रभावित करने के लिए वीडियो जारी कर दबाव बना रहा है. यही नहीं आवाज उठाने वाले के विरुद्ध धमकी और मुकदमें में फंसाया जा रहा है. जर्नलिस्ट क्लब के अध्यक्ष ने बताया कि हमने जिला प्रशासन से मांग किया है कि लाइफ लाइन हास्पिटल की जांच जल्दी पूरी की जाए, जिससे दूध का दूध और पानी का पानी हो सके. उन्होंने यह भी कहा कि हम सभी लोग इस मुद्दे को लेकर माननीय उच्च न्यायालय इलाहाबाद में जनहित याचिका दायर कर, जनपद के मानक विहीन संचालित अस्पतालों की जांच की अपील कर दोषी डाक्टरों और सीएमओ समेत संबंधित सरकारी महकमों पर कार्रवाई की मांग की जाएगी.

जीवन संत गाडगे जी महाराज जैसा होना चाहिए: लोकेश चौधरी

   गाजियाबाद: महानगर कांग्रेस कमेटी कार्यालय कंपनी बाग पर संत गाडगे जी महाराज की जयंती पर चित्र पर पुष्प अर्पित कर विचार गोष्ठी की गई जिसमें...